गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF Hindi

गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur Hindi PDF Download

गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur in Hindi PDF download link is available below in the article, download PDF of गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur in Hindi using the direct link given at the bottom of content.

46 People Like This
REPORT THIS PDF ⚐

गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur Hindi PDF

हैलो दोस्तों, आज हम आपके लिए लेकर आये हैं गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF हिन्दी भाषा में। अगर आप गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur हिन्दी पीडीएफ़ डाउनलोड करना चाहते हैं तो आप बिल्कुल सही जगह आए हैं। इस लेख में हम आपको देंगे गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur के बारे में सम्पूर्ण जानकारी और पीडीएफ़ का direct डाउनलोड लिंक।

Durga Saptashati Gita Press Gorakhpur Hindi PDF इसमे आपको माँ दुर्गा की आरती पीडीएफ, दुर्गा पूजा विधि, आदि चीज़े पढ़ने को मिलेंगी जिसे आप हर दिन पढ़ सकते हैं। दुर्गासप्तशती पाठ सात सौ श्लोकों को एकत्रित करके बनाया गया एक देवी उपासना ग्रंथ है जिसके रोजाना पाठ करने से माँ दुर्गा आपके सारे दुखों को दूर करके उनके जीवन को सुख और समृद्धि से भर देती है। यह सप्तशती पाठ माँ दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए उनके भगतों द्वारा किया जाता है।

दुर्गासप्तशती हिंदू-धर्मका सर्वमान्य ग्रन्थ है। इसमें भगवतीकी कृपाके सुन्दर इतिहासके साथ ही बड़े-बड़े गूढ़ साधन रहस्य भरे हैं। कर्म, भक्ति और ज्ञानकी त्रिविध मन्दाकिनी बहानेवाला यह ग्रन्थ भक्तों के लिये वांछाकल्पतरु है।

Durga Saptashati Gita Press Gorakhpur Hindi PDF | गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती

शारदीय नवरात्रि में श्री दुर्गासप्तशती पाठ विशेष रूप से करते हैं। कुछ घरों में पाठ करने की कुलपरंपरा ही है। पाठ करनेके उपरांत हवन भी किया जाता है । इस पूरे विधान को ‘चंडी विधान’ कहते हैं। संख्या के अनुसार नवचंडी, शतचंडी, सहस्रचंडी, लक्षचंडी ऐसे चंडी विधान बताए गए हैं। प्राय: लोग नवरात्रि के नौ दिनों में प्रतिदिन एक-एक पाठ करते हैं।

नवरात्रि में यथाशक्ति श्री दुर्गासप्तशती पाठ करते हैं। पाठ के उपरांत पोथी पर फूल अर्पित करते हैं। उसके उपरांत पोथी की आरती करते हैं। श्री दुर्गासप्तशती पाठ में देवी मां के विविध रूपों को वंदन किया गया है।

नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक कर के आप Durga Saptashati Gita Press Gorakhpur Hindi PDF / गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती हिंदी PDF डाउनलोड कर सकते हैं।

गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF - 2nd Page
गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF - PAGE 2

गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF Download Link

REPORT THISIf the purchase / download link of गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur PDF is not working or you feel any other problem with it, please REPORT IT by selecting the appropriate action such as copyright material / promotion content / link is broken etc. If गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur is a copyright material we will not be providing its PDF or any source for downloading at any cost.

RELATED PDF FILES

One thought on “गीता प्रेस गोरखपुर दुर्गा सप्तशती | Durga Saptashati Geeta Press Gorakhpur

Leave a Reply

Your email address will not be published.